उत्तर प्रदेश के ग्रामीण विकास में वित्तीय समावेशन की प्रभावशीलता : पूर्वांचल क्षेत्र का शोधात्मक अध्ययन

Authors

  • जागृति सिंह शोध छात्रा, वाणिज्य विभाग, टी०डी०पी०जी० कालेज, जौनपुर Author
  • डॉ० अमित कुमार राहुल असिस्टेंट प्रोफेसर, वाणिज्य विभाग, टी०डी०पी०जी० कालेज, जौनपुर Author

DOI:

https://doi.org/10.67715/ijerast.v1i2.9

Keywords:

वित्तीय साक्षरता, वित्तीय समावेशन, ग्रामीण विकास, सामाजिक-आर्थिक सशक्तिकरण, उत्तर प्रदेश

Abstract

वित्तीय समावेशन ग्रामीण विकास का एक महत्वपूर्ण साधन है जो आर्थिक वृद्धि और सामाजिक सशक्तिकरण को प्रोत्साहित करता है। यह अध्ययन उत्तर प्रदेश के पूर्वांचल क्षेत्र में वित्तीय समावेशन की प्रभावशीलता का मूल्यांकन करता है। 398 ग्रामीण परिवारों से संग्रहित आंकड़ों का विश्लेषण संरचनात्मक समीकरण मॉडलिंग (SEM) और ANOVA का उपयोग करके किया गया। परिणाम दर्शाते हैं कि वित्तीय साक्षरता का वित्तीय समावेशन पर सीधा सकारात्मक प्रभाव (0.258, p<0.001) है। वित्तीय निर्णय निर्माण (0.176, p<0.001) और वित्तीय प्रबंधन व्यवहार (0.499, p<0.001) महत्वपूर्ण माध्यमकारी भूमिका निभाते हैं। वित्तीय समावेशन शिक्षा (0.758), वित्तीय (0.813), आर्थिक (0.426), रोजगार (0.156) और स्वास्थ्य (0.150) आयामों पर सकारात्मक प्रभाव डालता है। निष्कर्ष में, वित्तीय साक्षरता को बढ़ावा देकर ग्रामीण क्षेत्रों में समावेशी और टिकाऊ विकास संभव है।

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Published

2026-05-30

Issue

Section

Articles

How to Cite

उत्तर प्रदेश के ग्रामीण विकास में वित्तीय समावेशन की प्रभावशीलता : पूर्वांचल क्षेत्र का शोधात्मक अध्ययन. (2026). International Journal of Emerging Research in Arts, Science and Technology, 1(2), 20-26. https://doi.org/10.67715/ijerast.v1i2.9